Posts

Showing posts from November, 2021

Yar jadugar nilotpal mrinal

Image
  पैसा में पृथ्वी से जादा गुरुत्वाकर्षण और अप्सरा से जादा आकर्षण होता है। आदमी उस गुरुत्वाकर्षण से कहीं भी खींचा चला जा सकता है, जो आपको न्यूटन के सेब से लाख गुना ज्यादा नीचे गिरा सक्ता है। लालच के पेड़ से टपका आदमी जमीन पर नहीं पाताल में गिरता है । #निल्ल_मेहरा  #यार_जादुगर @नीलोत्पाल 

छठ आपको घर नहीं गावँ बुलाता है

Image
  नमस्कार प्रणाम जोहार, आप सभी को छठ पूजा की हार्दिक शुभकामनाएं,, छठ मईया हम सब पर शहाय हो, छठी मईया पुरे दुनिया पर कृपा वर्षाये। आपने पुछा है, छठ की ओ पाँच खास बातें जो हम सब को अपनी और खिंचती हैं प्रभावित करती है, इस पृथक संस्क्रति समाज वाले प्रयद्वीप में तमाम  प्रकार के त्योहार है, दीपावली दसेहरा होली इन सब मौके पर आप घर आते हैं,  लेकिन बता दूँ की छठ पर्व हीं एक ऐसा महांपर्व है जिसमें आप अपना घर नही अपना गावँ आते हैं,  छठ घर नहीं बुलाता है छठ गावँ बुलाता है। बोलिये गा कैसे तब, छठ तभी होता है जब आपको पता चले की बगल वाले मास्टर साहब का सुप आपके यहाँ आया है, जब आपको पता चले की फलनवाँ दुकान वाले भईया जो हैं ऊ सुप और डाला आपके यहाँ ला के दे दियें हैं, काई बार येसा होता है कि हमारा सुप उनके यहाँ गया है , तो छठ एसे होता है। छठ एसे होता है, कि झुनकी माई आयेगी आंटा सानेगी ठेकुवा बन रहा है तो फिर फलनावाँ माई आयेगी , बडकी काकी आयेगी मोहल्ला वाली हऊ चाची आयेगी, हई बुवा आयेगी, बिना, बुवा, चाची, फलनवाँ माई, फलनवाँ काकी के बिना छठ नहीं हो सकता है, छठ में इन सब का आना छठ म...

Jai Bhim movie review

Image
फिल्म: जय भीम निर्देशक: टी. जे. ज्ञानवेल कास्ट: सूर्या, प्रकाश राज, राव रमेश, रजीशा विजयन, मणिकंदन और लीजोमोल जोस प्रसारण : अमेजन प्राइम वीडियो                                          क्या है कहानी 'जय भीम' इरुलुर आदिवासी समुदाय के एक जोड़े सेंगगेनी और राजकन्नू की कहानी है। राजकन्नू को झूठे आरोप में पुलिस गिरफ्तार कर लेती है और इसके बाद वह पुलिस हिरासत से लापता हो जाता है। ऐसे में उसकी पत्नी उसकी तलाश के लिए वकील चंद्रू (सूर्या द्वारा निभाया गया किरदार) का सहारा लेती है। बता दें कि यह फिल्म 90 के दशक में तमिलनाडु में हुई सच्ची घटनाओं पर आधारित है। जय भीम' अपने पहले ही सीन से दर्शकों का ध्यान खींचने में कामयाब होती है। पहले सीन में दिखता है कि कुछ लोग लोकल जेल से बाहर निकले हैं और उनका परिवार बाहर इंतजार कर रहा है। बाहर निकल रहे लोगों को उनकी कास्ट पूछकर रोका जाता है और जो निचली कास्ट के होते हैं, उन्हें फिर से किसी पुराने केस में आरोपी बनाकर पुलिस को सौंप दिया जाता है।  ...

लेखअंश 2020

Image
   लेखअंश 2020   एक बार फिर से,,,, विज्ञान संकाय का एक नवसिखीया माटी जब अपने गांवं देहात कस्बा के स्कूल से मेट्रिक पास कर, किसी शहर या महानगरों के 10×10 कमरा के भट्टी में तप कर गावँ की माटी को सोना मे कैसे बदल देती है, हमारे कलम के निभ द्वारा छोड़ गया सबूत। Click Here and read - Student life